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Tuesday, 1 December 2015

जथुरा - अनिल मोहन

Jathura - Anil Mohan

जथुरा सीरीज़ का पहला उपन्यास 

डाउनलोड करें- जथुरा

Wednesday, 11 November 2015

आखरी मकसद- सुरेन्द्र मोहन पाठक

Akhri Maqsad by Surendra Mogan Pathak 

कहते हैं दुनिया में हर किसी का कहीं न कहीं कोई न कोई डबल होता है ! सुधीर कोहली की बदकिस्मती थी कि उसका डबल दिल्ली में ही निकल आया था ! और अब उन दोनों में से एक का मरना लाजिमी था !

डाउनलोड करें- आखरी मकसद

Sunday, 8 November 2015

बबूसा - अनिल मोहन

Babusa (Anil Mohan) बबूसा सीरीज़ का पहला उपन्यास 

हमारी पृथ्वी पर अभी भी ऐसा बहुत कुछ है, जिसकी हम कल्पना भी नहीं करते! हम दूसरे ग्रहों को तो खोज रहे हैं परंतु पृथ्वी से अंजान हैं अभी! इसी पृथ्वी की एक जाति की चमत्कारी दास्तान है ये, जिसका वास्ता, कहीं दूर दुसरी दुनिया के एक ग्रह से है! ये दास्तान देवराज चौहान से ही सैकड़ों बरसों पहले शुरू हुई थी और अब उसका रुख फिर देवराज चौहान की तरफ मुड चुका है!

डाउनलोड करें- बबूसा

Wednesday, 4 November 2015

डायन (वेदप्रकाश शर्मा)

Dayan by Ved Prakash Sharma
डायन ...एक औरत के पति की मृत्यु हो गई। उसकी बुद्धि भ्रष्ट हुई तो पति को जिंदा करने के लिए दूसरों के बच्चांे की बलि देने लगी। पर उसे मालूम नहीं था कि किसी की आंखें सपनों में उसकी करतूतें देख रही हैं। फिर सपने देखने वाले और उस औरत के बीच जंग शुरु हुई, मगर वे तो सिर्फ बहाना थे, असली जंग तो माता दुर्गा और डायन के बीच थी और जब मां जगदम्बा अपने रौद्र रूप में आईं तो काली शक्तियों के चेहरे सफेद पड़ गए।

डायन-२ में एक ऐसे माँ की कहानी लेकर आया है
जिसके पास शरीर नहीं था । जो भावनाओं के भवर में बह रही थी और जिसे पारलौकिक दुनिया
की दुष्टात्माओं से टकराना था ।


डाउनलोड करें- डायन भाग 1

डाउनलोड करें- डायन भाग 2

Monday, 2 November 2015

बीवी का नशा (वेद प्रकाश शर्मा)


विभा जिंदल सीरीज़ 

Biwi ka Nasha (Ved Prakash Sharma) 

लोग कहते थे की वह अपनी बीवी के नशे में रहता है । सच था भी यही । बीवी को एक नेकलेस से नवाजने के लिए उसने एक हत्या कर दी और उस हत्या के जुर्म में उसकी बीवी ही पकड़ी गई । अब वह साबित करना चाहता था कि हत्या उसकी बीवी ने नहीं बल्कि उसी ने की है मगर यह बात वह साबित नहीं कर पा रहा था ।

डाउनलोड करें- बीवी का नशा

दूर की कौड़ी (वेद प्रकाश शर्मा)


Door Ki Kaudi (Ved Prakash Sharma)

ऐसा चालबाज़ शख्स, जो दूसरों से अपने मन माफिक चालें चलवाता था,

जबकि वे समझते थे कि ऐसा वे अपनी मर्ज़ी से कर रहे है ।

डाउनलोड करें- दूर की कौड़ी

Sunday, 1 November 2015

वर्दी वाला गुंडा (वेद प्रकाश शर्मा)


Vardi Wala Gunda by Ved Prakash Sharma

वर्दी वाला गुंडा वेद प्रकाश शर्मा का सफलतम थ्रिलर उपन्यास है। इस उपन्यास की आजतक लगभग 8 करोड़ प्रतियाँ बिक चुकी हैं। भारत में जनसाधारण में लोकप्रिय थ्रिलर उपन्यासों की दुनिया में यह उपन्यास "क्लासिक" का दर्जा रखता है।


डाउनलोड करें- वर्दी वाला गुंडा